जिला अधिकारी द्वारा जिला आपदा प्रबन्धन के तहत किए जा रहे निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई*
*हरिद्वार
राज्य आपदा मोचन निधि (एसडीआरएफ) एवं (एनडीआरएफ) से सहायता देने की मदो और मानदंडों के संशोधन के संबंध में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में जिला कार्यालय सभागार में बैठक आयोजित की गई।
बैठक में उन्होंने संबंधित अधिकारियों के साथ चर्चा कर आपदा प्रबंधन के तहत राज्य मोचन निधि के वर्ष 2022 -23 से 2025- 26 में निर्धारित मानको में संशोधन किए जाने के संबंध में सभी से लिखित में सुझाव /आख्या भेजने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिलाधिकारी ने अभी कार्यदाई संस्थाओं जिसमें सिंचाई,लोनिवि,आरडब्ल्यूडी, पेयजल निगम,खंड विकास अधिकारियों आदि को आपदा प्रबन्धन में स्वीकृत योजनाओं के कार्य पूर्ण करते हुए थर्ड पार्टी निरीक्षण/उपयोगिता प्रमाण पत्र जिला आपदा प्रबन्धन अधिकारी को तत्काल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए है कि जो भी कार्य किए जाने है उन कार्यों को प्राथमिकता से पूर्ण कराना सुनाश्चित करे,इसमें किसी भी प्रकार से कोई शिथिलता एवं ढिलाई न बरती जाए।
उन्होंने जनपद में अवस्थित नालो एवं गदेरो की प्राथमिकता से साफ सफाई करने के निर्देश दिए साथ ही उन्होंने निर्देश दिए है कि जिन क्षेत्रों में जल भराव की स्थिति उत्पन्न होती है, ऐसे क्षेत्रों में जल निकासी के लिए उचित प्रबन्धन तत्परता से किया जाए,जिससे कि क्षेत्रवासियों को कोई समस्या न होने पाए।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए है कि अनटाइड फंड के तहत निर्माण कार्यों के लिए जो भी धनराशि निर्गत की गई है,उस धनराशि का व्यय करते हुए कार्य पूर्ण करते हुए उपयोगिता प्रमाण पत्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला आपदा प्रबन्धन अधिकारी मीरा रावत ने विभिन्न विभागों को उपलब्ध कराई गई धनराशि के सापेक्ष व्यय की गई धनराशि के संबंध में जिलाधिकारी को अवगत कराया गया।
बैठक में अपर जिलाधिकारी पी आर चौहान,उप जिलाधिकारी जितेंद्र कुमार,विशेष भूमि अध्याप्ति अधिकारी आकाश जोशी, अधिशासी अभियंता सिंचाई ओमजी गुप्ता, अधिशासी अभियंता लोनिवि दीपक कुमार, डीपीआरओ अतुल प्रताप सिंह,जिला पशु चिकित्साधिकारी डी के चंद्र,जिला कृषि अधिकारी गोपाल भंडारी सहित संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे ।