जिला कौशल विकास योजना की समीक्षा बैठक में बोले डीएम- ‘मार्केट डिमांड’ के अनुसार युवाओं को नए ट्रेड्स में करें प्रशिक्षित

 

*देहरादून
युवाओं को आधुनिक बाजार की मांग के अनुरूप हुनरमंद बनाकर स्थानीय उद्योगों, कंपनियों और वैश्विक रोजगार से जोड़ने के लिए जिला प्रशासन ने अपनी कवायद तेज कर दी है। बृहस्पतिवार को कलक्ट्रेट सभागार में जिला कौशल विकास योजना की समीक्षा बैठक लेते हुए जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि युवाओं को केवल परंपरागत प्रशिक्षण तक सीमित न रखकर उन्हें स्टार्टअप और नए जमाने की तकनीकों के लिए तैयार किया जाए।

बैठक में युवाओं के अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर चयन की उपलब्धि साझा करते हुए जिला सेवायोजन अधिकारी ने बताया कि हाल ही में चलाए गए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रमों के जरिए 126 युवाओं ने विदेशों में रोजगार हासिल किया है। इनमें से केयर गिवर के रूप में 75 युवाओं को जापान, नर्सिंग क्षेत्र में 1 युवा को जर्मनी तथा वेयरहाउस प्रबंधन के लिए 30 युवाओं को सऊदी अरब में नियुक्ति मिली है।

जिलाधिकारी डॉ. चौहान ने सिडकुल और उद्योग विभाग के साथ बेहतर समन्वय बनाकर नियमित कार्यशालाएं आयोजित करने तथा औद्योगिक संस्थानों की जरूरतों के अनुसार ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) में चल रहे पाठ्यक्रमों की समीक्षा कर उन्हें श्मार्केट डिमांडश् के अनुरूप अपडेट किया जाए।

*पीएम सेतु योजना से सुधरेगा इंफ्रास्ट्रक्चर*
बैठक में जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि ‘पीएम सेतु योजना’ के तहत सरकारी आईटीआई और एनएसटीआई संस्थानों में बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण किया जाए। उन्होंने कहा कि युवाओं को आधुनिक मशीनों का तकनीकी ज्ञान, औद्योगिक पारिस्थितिकी तंत्र (इकोसिस्टम) का अनुभव और प्रोफेशनल नेटवर्क का विस्तार देने के लिए उद्योग जगत की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य की जाए।

इस बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, जिला सेवायोजन अधिकारी ममता, आईटीआई प्रधानाचार्य अनुपमा भंडारी, दीपक चौधरी, अनिल पुंडीर और उद्योग प्रतिनिधि एवं अध्यक्ष अरुण नैथानी सहित समिति के अन्य सदस्य मौजूद रहे।